पंचतंत्र की कहानी-जिद्दी गधा और चालाक गीदड़ | Ziddi Gadha Aur Chalaak Geedad

Story of Panchtantra for kids
Smita MahtoSmita MahtoSep 18, 2024

बहुत समय पहले की बात है, एक गांव में एक धोबी रहता था। उसके पास एक गधा था जिसका नाम मोती था। धोबी बहुत कंजूस था और अपने गधे को सही से चारा-पानी नहीं देता था। उसे चरने के लिए जंगल में छोड़ देता था, जिससे गधा कमजोर और भूखा रहने लगा।

एक दिन गधा चरते-चरते जंगल में चला गया, जहां उसकी मुलाकात एक चालाक गीदड़ से हुई। गीदड़ ने गधे से पूछा, "भाई, तुम इतने कमजोर क्यों हो?" गधे ने दुखी होकर बताया कि धोबी उसे काम तो बहुत करवाता है, लेकिन खाने को कुछ नहीं देता। इसलिए उसे अपना पेट भरने के लिए इधर-उधर भटकना पड़ता है।

गीदड़ ने कहा, "तुम्हारी हालत देखकर मुझे दुख होता है। मैं तुम्हें एक उपाय बताता हूँ जिससे तुम तंदुरुस्त हो जाओगे। यहां पास में एक बाग है, जिसमें हरी-भरी सब्जियां और रसीले फल लगे हैं। मैंने बाग में जाने का एक खुफिया रास्ता खोज निकाला है। मैं रोज रात को वहां जाकर पेट भरता हूं, इसलिए मेरी हालत इतनी अच्छी है। तुम भी मेरे साथ चलो।"

गधे को यह सुनते ही उम्मीद जागी और वह गीदड़ के साथ बाग की ओर चल पड़ा। बाग में घुसते ही गधे की आंखें चमक उठीं। उसने बिना देर किए रसीले फलों और सब्जियों का आनंद लेना शुरू कर दिया। दोनों भरपेट खाकर वहीं सो गए।

सुबह सूरज उगने से पहले गीदड़ ने गधे को जगाया और जल्दी से बाग छोड़ने को कहा। गधा चुपचाप उसकी बात मान गया।

यह सिलसिला रोज चलने लगा। कुछ दिनों बाद गधा पूरी तरह तंदुरुस्त हो गया। उसकी चाल में भी तेजी आ गई और बाल चमकने लगे। एक दिन पेट भरने के बाद गधा बहुत खुश हुआ और मस्ती में लोटने लगा। उसने गीदड़ से कहा, "आज मेरा मन गाना गाने का कर रहा है।"

गीदड़ ने उसे सावधान करते हुए कहा, "गधे भाई, हम चोरी कर रहे हैं। अगर तुम गाना गाओगे, तो बाग का मालिक सुन लेगा और हमें पकड़ लेगा।"

लेकिन गधा जिद पर अड़ा रहा। उसने कहा, "तुम क्या जानो, हम गधे खानदानी गायक हैं। हमारा ढेंचू राग मशहूर है, और आज मैं गाना जरूर गाऊंगा।"

गीदड़ समझ गया कि अब गधे को रोकना मुश्किल है। उसने चालाकी से कहा, "ठीक है गधे भाई, लेकिन गाना मेरे जाने के 15 मिनट बाद ही शुरू करना, ताकि मैं फूलों की माला लेकर लौट सकूं और तुम्हारा स्वागत कर सकूं।"

गधा यह सुनकर खुश हो गया और गीदड़ को माला लाने के लिए भेज दिया। गीदड़ वहां से भाग गया, और गधे ने गाना शुरू कर दिया। उसकी बेसुरी आवाज सुनते ही बाग का मालिक लाठी लेकर वहां पहुंचा और गधे की जमकर पिटाई की। बुरी तरह पिटने के बाद गधा बेहोश होकर जमीन पर गिर पड़ा।

**कहानी से सीख:**  
अगर कोई समझदारी की सलाह दे रहा हो, तो उसे मानना चाहिए। अपनी जिद और अज्ञानता से कभी-कभी बड़ी मुसीबत में पड़ सकते हैं।

Written by

Smita Mahto

मैं एक कंप्यूटर विज्ञान में स्नातक हूँ और अपने ब्लॉग लेखन में आत्मसमर्पित हूँ। पढ़ाई और लेखन में मेरा शौक मेरे जीवन को सजीव बनाए रखता है, और मैं नए चीजों का अन्वेषण करने में रुचि रखती हूँ। नई बातें गहराई से पढ़ने का मेरा शौक मेरे लेखन को विशेष बनाता है। मेरा उद्दीपन तकनीकी जगत में है, और मैं अपने ब्लॉग के माध्यम से नवीनतम तकनीकी गतिविधियों को साझा करती हूँ।